गरियाबंद जिले के छुरा विकासखण्ड के करकरा गांव के लोग इन दिनों भीषण गर्मी में पानी की समस्या को लेकर जूझते नजर आ रहे है, गांव में लोगों को पीने और रोजमर्रा में इस्तेमाल होने वाले पानी के लिए जद्दोजहद करनी पड़ रही है, यूं तो जल जीवन मिशन अंतर्गत गांव में पानी टंकी का निर्माण हो चुका है, मगर अबतक गांव में लोगों के घर नल कनेक्शन नहीं पहुंच पाया है, लिहाजा मई जून की भीषण गर्मी में लोग पानी के लिए तरसते नजर आ रहे है, जल जीवन मिशन से ग्रामीणों को पानी पहुचाने के लिए 40 लाख रुपये स्वीकृत किया गया है, मगर वह भी काम अधर में लटका हुआ है।
पूरे गांव के भीतर केवल एक ही बोर है, जिसके सहारे 900 की आबादी वाले गांव के लोग निर्भर है, क्या महिला क्या बच्चे सूर्य की किरण निकलते ही गांव के सभी लोग पानी के जुगत में जुट जाते है, काफी मशक्कत और जद्दोजहद के बाद लोगों को उनके इस्तेमाल के लिए पानी उपलब्ध हो पाता है।
वहीं इस मामले में लोक स्वास्थ यांत्रिकी ( PHE ) के एसडीओ का कहना है, मामले को गंभीरता से लेते हुए ठेकेदार को 15 दिवस के भीतर कार्य पूर्ण करने का निर्देश दिया गया है, इन 15 दिनों के भीतर गांव में नल कनेक्शन का कार्य ठेकेदार द्वारा पूर्ण नहीं किया जाता तो उसके सारे कार्य निरस्त कर दिए जाएंगे, लेकिन बड़ा सवाल ये उठता है, कि विभाग और ठेकेदार की लापरवाही का भुगतान आखिर आम जनता क्यों भुगते सवाल बड़ा है, और जनता के हितों का सवाल है।