प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा विकसित भारत 2047 आइडियाज पहल का शुभारंभ किया गया, विकसित भारत 2047 का मुख्य आयोजन नीति आयोग, नई दिल्ली द्वारा आनलाइन मोड में किया गया, इसका शुभारंभ करते हुए प्रधानमंत्री मोदी ने देश के युवाओं को विशेषकर विश्वविद्यालयों के विद्यार्थियों से कहा कि देश की युवा ऊर्जा को विकसित भारत 2047 के विजन में योगदान के लिए अपने दायरे से बाहर सोचना होगा।
कार्यक्रम के दौरान छात्र-छात्राओं को बताया गया कि वे किस तरह से इस कार्यक्रम के लिए जारी क्यूआर कोड को स्कैन कर और बेबसाइट पर भी अपने सुझाव अपलोड कर आगामी दिनों में अध्ययनशालाओं के छात्र-छात्राओं और विश्वविद्यालय में जागरूकता अभियान चलाकर युवाओं को इसमें अपनी भागीदारी देने के लिए प्रेरित करेगा, युवाओं को विश्वविद्यालय बताएगा कि वे किस तरह भारत की आजादी के 100 साल पूरे हो जाएंगे और तब तक हम विकसित राष्ट्र बनने पर काम करें।
उन्होंने कहा कि विकसित भारत 2047 के लिए आपका सुझाव विकसित भारत की भव्यता को और निखारेगा, मेरा विश्वास है, कि 2047 तक हम विकसित भारत बना सकते हैं, इसका नेतृत्व युवाओं, शिक्षाविदो और छात्रों को ही करना है, पीएम ने सभी को इस अभियान के लिए अपनी शुभकमानानाएं दीं, इसी कार्यक्रम के लिए छत्तीसगढ़ राजभवन के दरबार हाल में राज्यपाल बिश्वभूषण हरिचंदन के सानिध्य में कार्यशाला का आयोजन किया गया।
इसमें राजभवन के सचिव, अधिकारी, शासकीय और निजी विश्वविद्यालय के कुलपति और प्राध्यापकों का प्रतिनिधित्व रहा, कार्यशाला में आईएसबीएम विश्वविद्यालय के कुलपति डॉ आनंद महलवार, कुलसचिव डॉ बी पी भोल, अकादमिक अधिष्ठता डॉ एन के स्वामी सहित कुल पांच वरिष्ठ प्राध्यापकों का समूह शामिल हुआ, इस कार्यशाला में सशक्त भारतीय, संपन्न और टिकाऊ अर्थव्यवस्था, सुशासन एवं सुरक्षा, सूचना और प्रौद्योगिकी, नवाचार, विश्व में भारत आदि विषयों पर चर्चा की गई, इसका आनलाइन प्रसारण आईएसबीएम विश्वविद्यालय में किया गया, इस अवसर पर विश्वविद्यालय के सभी प्राध्यापक, कर्मचारी एवं भारी संख्या में छात्र-छात्राओं की उपस्थित रहे।